गांधी मैदान स्थित Gyan Bhawan (ज्ञान भवन) में 11 और 12 जुलाई को राज्य सरकार की ओर से पहली बार आयोजित हो रहे वृहद स्वास्थ्य मेला की तैयारियां जोरों पर हैं। यह हेल्थ कैंप आम जनता के लिए एक सुनहरा मौका है, जिसमें मुफ्त जांच, विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह और आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
कब्ज से लेकर कैंसर तक, हर बीमारी का मिलेगा इलाज
इस विशेष हेल्थ इवेंट में कोलनोस्कोपी, अल्ट्रासाउंड, ईसीजी, ईको, फाइब्रोस्कैन और एक्स-रे जैसी आधुनिक जांच सुविधाएं मौजूद रहेंगी। कब्ज, गुदा कैंसर, हृदय रोग, फेफड़े और पेट की बीमारियों की पहचान और इलाज के लिए मशीनें पूरी तरह तैयार हैं।
डिजिटल युग में रिपोर्ट सीधी मोबाइल पर
59 प्रकार की खून जांच के नमूने 25 काउंटरों पर लिए जाएंगे और उनकी रिपोर्ट मोबाइल पर भेजी जाएगी। इसके लिए ओपीडी निबंधन के लिए 25 काउंटर, परामर्श के लिए 50 और मुफ्त दवा वितरण के लिए 20 काउंटर लगाए जाएंगे।
डॉक्टरों की टीम होगी सुपर स्पेशलिस्ट
- जनरल ओपीडी: 8 काउंटर, 36 डॉक्टर
- स्त्री एवं प्रसूति रोग: 3 काउंटर, 32 डॉक्टर
- नेत्र रोग: 3 काउंटर, 12 डॉक्टर
- हड्डी रोग: 4 काउंटर, 16 डॉक्टर
- जनरल सर्जरी: 2 काउंटर, 8 डॉक्टर
- चर्म रोग: 6 डॉक्टर
- दंत चिकित्सा: 2 काउंटर, 8 डॉक्टर
- ENT और पीडियाट्रिक्स: 2-2 काउंटर, 8-8 डॉक्टर
सरकार की तमाम योजनाएं एक ही छत के नीचे
स्वास्थ्य मेले में टेलीमेडिसिन, आयुष्मान भारत, बाल सुरक्षा योजना, किडनी और डायलिसिस इलाज, कैंसर जांच, एचपीवी टीकाकरण, लेबर रूम स्टाल, और युवा क्लीनिक जैसी योजनाओं का लाभ मिलेगा।
आयुर्वेद, होमियोपैथी और योग की भी व्यवस्था
पंचकर्म, योग प्रशिक्षण, आयुर्वेद, यूनानी और होमियोपैथी विशेषज्ञ भी दो-दो काउंटर पर सेवा देंगे। वहीं फिजियोथेरेपी और मनोरोग चिकित्सा के भी खास काउंटर होंगे जहाँ अनुभवी चिकित्सक उपलब्ध रहेंगे।
राज्य स्वास्थ्य समिति के राजेश कुमार, पटना जिला स्वास्थ्य समिति के डॉ. विवेक कुमार सिंह और भानु शर्मा को इस आयोजन का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। आयोजन से पहले बापू भवन में अंतिम बैठक आयोजित होगी।
यह मेला न सिर्फ एक मेडिकल कैंप है, बल्कि राज्य सरकार की स्वास्थ्य सेवाओं का एक मॉडल है, जो भविष्य की दिशा तय करेगा। अगर आप पटना या आसपास के क्षेत्रों में हैं, तो यह मौका बिल्कुल न चूकें।


