बिहार बंद के दौरान एक शर्मनाक घटना सामने आई है। एनडीए द्वारा बुलाए गए इस बंद में सड़क पर जा रही एक एंबुलेंस को बीजेपी नेता ने रोक दिया। इस एंबुलेंस में प्रसव पीड़ा से जूझ रही गर्भवती महिला को अस्पताल ले जाया जा रहा था। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही राजनीतिक घमासान मच गया है।
पीएम की मां पर अपशब्द का विरोध बना विवाद की वजह
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां को अपशब्द कहे जाने के विरोध में एनडीए ने बिहार बंद बुलाया था। हालांकि बंद के दौरान इमरजेंसी सेवाओं को प्रभावित न करने की बात कही गई थी। बावजूद इसके गर्भवती महिला की एंबुलेंस को रोक दिया गया। वायरल वीडियो में बीजेपी नेता पार्टी का झंडा लेकर सड़क पर एंबुलेंस रोकते हुए साफ दिखाई दे रहे हैं।
वीडियो बना रहे यूट्यूबर से भी हुई नोकझोंक
घटना के समय वहां मौजूद एक यूट्यूबर ने एंबुलेंस रोकने पर आपत्ति जताई। उसने सवाल किया कि “आप कैसे एक गर्भवती महिला को अस्पताल जाने से रोक सकते हैं?” इस पर बीजेपी नेता ने बहस करते हुए कहा कि एंबुलेंस ड्राइवर यादव है और झूठ बोल रहा है। नेता ने यहां तक कह दिया कि “जरूरत हो तो दूसरे रास्ते से ले जाओ।”
विपक्ष का हमला, जनता की नाराज़गी
वायरल वीडियो पर आरजेडी और कांग्रेस ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला। आरजेडी ने पोस्ट कर लिखा – “मोदी के गुंडे गर्भवती महिला को अस्पताल जाने से रोकते हैं और फिर बिहार पर जंगलराज का ठप्पा लगाते हैं।” वहीं, कांग्रेस ने पूछा – “क्या मोदी के अपमान का बदला गर्भवती महिलाओं और नवजात की जान लेकर लोगे?”
सोशल मीडिया पर भी बीजेपी नेता की इस हरकत पर जमकर गुस्सा फूटा। कई यूजर्स ने इसे बिहार बंद के नाम पर गुंडागर्दी करार दिया।
#शर्मनाक – माँ के सम्मान का ढोंग करने वाले भाजपाइयों की करतूत देखिए, बिहार बंद के नाम पर गर्भवती महिलाओं को अस्पताल जाने से रोक रहे है,
— Indian Youth Congress (@IYC) September 4, 2025
कह रहे है मोदी के अपमान का बदला लेना है, तो क्या गर्भवती महिलाओं को नवजात के साथ मार डालोगे? pic.twitter.com/OlTnlf5Ui4



