पटना मेट्रो का विस्तार तय, मलाही पकड़ी–खेमनीचक स्टेशन से मार्च में दौड़ेंगी ट्रेनें

फरवरी के अंत तक होगा सेफ्टी ट्रायल, CMRS की मंजूरी के बाद शुरू होगी नई मेट्रो सेवा

Patna Metro Malahi Pakri Khemnichak New Stations Service Update
Patna Metro Malahi Pakri Khemnichak New Stations Service Update (PC: BBN24/Social Media)
मुख्य बातें (Highlights)
  • मलाही पकड़ी और खेमनीचक स्टेशन से मेट्रो सेवा मार्च के पहले हफ्ते शुरू होने की संभावना
  • 25–28 फरवरी के बीच CMRS की अंतिम सुरक्षा जांच
  • ईस्ट पटना के इलाकों को पहली बार मिलेगा सीधा मेट्रो कनेक्शन

Patna में मेट्रो परियोजना अब एक और अहम पड़ाव पर पहुंचने वाली है। शहर में दो नए मेट्रो स्टेशन—मलाही पकड़ी और खेमनीचक—जल्द ही यात्रियों के लिए खुल सकते हैं। मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, यदि सभी सुरक्षा मानकों पर मुहर लग जाती है, तो इन दोनों स्टेशनों के बीच मेट्रो सेवा मार्च के पहले सप्ताह में शुरू हो सकती है।

CMRS की अंतिम जांच के बाद मिलेगी हरी झंडी

यात्रियों के लिए सेवा शुरू करने से पहले कमिश्नर ऑफ मेट्रो रेलवे सेफ्टी (CMRS) की मंजूरी अनिवार्य है। इसके लिए दिल्ली से एक विशेष सुरक्षा टीम 25 से 28 फरवरी के बीच पटना पहुंचेगी। यह टीम:

  • मेट्रो ट्रैक की गुणवत्ता
  • सिग्नलिंग सिस्टम
  • प्लेटफॉर्म की सुरक्षा
  • इमरजेंसी व्यवस्था
  • यात्रियों की सुविधाएं

जैसे सभी पहलुओं की बारीकी से जांच करेगी। सभी मानक पूरे होने पर ही मेट्रो संचालन की अनुमति दी जाएगी।

ईस्ट पटना को मिलेगा सीधा मेट्रो लाभ

फिलहाल पटना मेट्रो ISBT, जीरो माइल और भूतनाथ स्टेशनों के बीच संचालित हो रही है। मलाही पकड़ी और खेमनीचक के जुड़ने से मेट्रो रूट की लंबाई 6 किलोमीटर से अधिक हो जाएगी। इससे:

  • पूर्वी पटना के हजारों लोगों को पहली बार मेट्रो की सुविधा मिलेगी
  • रोजाना ऑफिस जाने वाले यात्रियों का समय बचेगा
  • बसों और सड़क यातायात पर निर्भरता कम होगी

ISBT में बनेगा नया प्रशासनिक केंद्र

पटना मेट्रो का प्रशासनिक कार्यालय अब बोरिंग रोड स्थित इंदिरा भवन से हटकर ISBT डिपो परिसर में बने नए G+4 मंजिला भवन में शिफ्ट किया जा रहा है। यह आधुनिक कार्यालय पूरी तरह तैयार है और अगले कुछ दिनों में सभी अधिकारी वहीं कार्यभार संभालेंगे।

ट्रैफिक और प्रदूषण में आएगी कमी

परियोजना से जुड़े सभी एजेंसियों के साथ एक समीक्षा बैठक भी प्रस्तावित है, ताकि:

  • साइट से जुड़ी समस्याओं का समाधान हो
  • विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय बने
  • निर्माण और संचालन कार्य सुचारू रूप से चलता रहे

अधिकारियों का मानना है कि मेट्रो नेटवर्क के विस्तार से ट्रैफिक जाम, प्रदूषण और यात्रा समय—तीनों में उल्लेखनीय कमी आएगी।

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