Siwan Blast News: बिहार के सीवान जिले के आलमपुर गांव में पटाखा बनाने के दौरान हुए भीषण विस्फोट में पांच लोगों की मौत के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। जामो बाजार थानाध्यक्ष धीरज कुमार और स्थानीय चौकीदार चंद्रिका मांझी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष पुलिस टीम गठित की गई है। वहीं, विस्फोट के कारणों का पता लगाने और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए FSL टीम को बुलाया गया है।
थानाध्यक्ष और चौकीदार निलंबित
आलमपुर गांव में शुक्रवार को हुए विस्फोट के बाद थाना स्तर पर लापरवाही के आरोप में कार्रवाई की गई है। पुलिस ने जामो बाजार थानाध्यक्ष धीरज कुमार और स्थानीय चौकीदार चंद्रिका मांझी को निलंबित कर दिया है।
घटना में पांच लोगों की मौत के बाद पुलिस और जिला प्रशासन मामले की जांच में जुटे हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
डीएम, एसपी और एसडीओ ने किया घटनास्थल का निरीक्षण
विस्फोट की सूचना मिलने के बाद पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और जांच शुरू की। इसके बाद जिलाधिकारी विजय प्रकाश मीणा, पुलिस अधीक्षक भारत सोनी और महाराजगंज के अनुमंडल पदाधिकारी ने भी मौके का निरीक्षण किया।
घटनास्थल पर जिला प्रशासन की ओर से अग्निशमन विभाग, बिजली विभाग, डॉग स्क्वायड और मेडिकल टीम को बुलाया गया। अधिकारियों ने घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी ली।
विस्फोट के कारणों की जांच करेगी FSL टीम
मामले की वैज्ञानिक जांच के लिए फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (FSL) की टीम को बुलाया गया है। टीम घटनास्थल से साक्ष्य जुटाएगी, ताकि विस्फोट के कारणों का पता लगाने में मदद मिल सके।
पुलिस ने घटनास्थल की घेराबंदी कर आवश्यक साक्ष्य एकत्र करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, लोगों के बयान के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
SDPO के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीम गठित
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी भारत सोनी के निर्देश पर महाराजगंज के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) के नेतृत्व में विशेष पुलिस टीम गठित की गई है। मामले के अनुसंधान की जिम्मेदारी महाराजगंज के सर्किल इंस्पेक्टर को सौंपी गई है।
विशेष टीम विस्फोट के कारणों, पटाखा निर्माण से जुड़ी गतिविधियों और घटना के अन्य पहलुओं की जांच करेगी।
पांच लोगों की मौत के बाद पुलिस-प्रशासन सक्रिय
आलमपुर गांव में हुए विस्फोट में पांच लोगों की मौत के बाद पुलिस और जिला प्रशासन की कार्रवाई तेज हो गई है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने, लोगों के बयान दर्ज करने और विस्फोट के कारणों का पता लगाने पर जोर दिया जा रहा है।
अब जांच रिपोर्ट और सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।



