बिहार कोर्ट का सनसनीखेज फैसला: मां को फांसी, कहा—सांसें थमने तक लटकाए रखें

अररिया की अदालत ने 10 वर्षीय बेटी की हत्या के ‘रेयर ऑफ द रेयरेस्ट’ मामले में मां को फांसी की सजा सुनाई।

Bihar Court Woman Death Penalty Rare Case
Bihar Court Woman Death Penalty Rare Case (PC: BBN24/Social Media)
मुख्य बातें (Highlights)
  • 10 वर्षीय बेटी की हत्या पर मां को मिली फांसी की सजा
  • अदालत ने कहा—मृत्यु होने तक फांसी पर लटकाया जाए
  • मेडिकल रिपोर्ट और गवाहों ने खोली पूरी साजिश

अररिया की एक अदालत ने एक हिला देने वाले अपराध में रेयर ऑफ द रेयरेस्ट मानते हुए एक महिला को फांसी की सजा सुनाई है। अदालत ने आदेश दिया कि दोषी महिला को “तब तक फांसी पर लटकाया जाए, जब तक उसकी सांसे पूरी तरह थम न जाएं।”

मामला जिसने पूरे जिले को झकझोर दिया

दोषी पूनम देवी पर अपनी 10 वर्षीय बेटी की बेरहमी से हत्या करने का आरोप सिद्ध हुआ। यह घटना नरपतगंज थाना क्षेत्र की है, जहाँ मां ने अपने अवैध संबंध उजागर होने के डर से बेटी को मौत के घाट उतार दिया।

अदालत ने कहा: “यह मामला समाज की संवेदनाओं को झकझोर देता है और दंड का उच्चतम स्तर आवश्यक है।”

अवैध संबंध बने खतरनाक—मां ही बन गई बेटी की दुश्मन

जांच में सामने आया कि पूनम देवी (35) के प्रेमी रूपेश सिंह के साथ अवैध संबंध थे।
21 जून 2023 को बेटी शिवानी ने मां को प्रेमी के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देखा और पिता को बताने की बात कही। इससे घबराकर मां ने प्रेमी के साथ हत्या की योजना बनाई।

मुख्य तथ्य:

  • बेटी ने सच उजागर करने की चेतावनी दी
  • मां ने बचने के लिए हत्या की साजिश रची
  • प्रेमी भी इस पूरे प्लान में शामिल था

जहर मिली मछली और चाकू का वार—निर्ममता की हद पार

10 जुलाई 2023 को पति की घर वापसी से पहले मां ने हत्या को अंजाम दिया।

अभियोजन के अनुसार:

  • मछली में कीटनाशक मिलाकर बेटी को खिलाया
  • बेहोश होने पर चाकू से गला और पेट पर कई वार किए
  • पूरी योजना पहले से बनाई गई थी

गवाह: “घटना की残忍ता देखकर रूह कांप गई।”

सबूत मिटाने की कोशिश, पर जांच ने खोला राज

हत्या के बाद पूनम ने शव को मक्के के ढेर में छिपाया, खून साफ किया और चाकू धो दिया।
वह खुद खोजबीन का नाटक करती रही, मगर पुलिस जांच में उसकी हर चालाकी बेनकाब हो गई।

जांच में मिला:

  • मक्के के ढेर में छिपाया शव
  • घर में खून के निशान
  • साफ किए हुए चाकू पर संभावित निशान

मेडिकल रिपोर्ट और गवाहियों से मजबूत हुआ केस

एपीपी प्रभा कुमारी मंडल के अनुसार:

  • पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गले व पेट पर चाकू के घाव की पुष्टि
  • एफएसएल रिपोर्ट में ‘डिकोलरस’ नामक कीटनाशक मिला
  • सभी गवाहों के बयान अभियोजन पक्ष के समर्थन में रहे

साक्ष्य परीक्षण 2 जनवरी 2024 से शुरू हुआ था।

अदालत का अंतिम आदेश—फांसी और जुर्माना

एडीजे-04 रवि कुमार ने दोषी को आईपीसी की विभिन्न धाराओं में दोषी ठहराते हुए फांसी की सजा सुनाई।
महिला को मृत्यु होने तक फांसी पर रखने का आदेश दिया गया और उस पर ₹60,000 का जुर्माना भी लगाया गया।

इस ऐतिहासिक निर्णय की चर्चा पूरे जिले में है।

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