बिहार की वोटर लिस्ट से गायब होंगे 61 लाख नाम! क्या आपका भी कट गया वोट? जानिए अब क्या करें

SIR प्रक्रिया के बाद चुनाव आयोग ने हटाए 61 लाख नाम, 1 अगस्त से उठाएं आपत्ति—जानें विधानसभा चुनाव पर पड़ेगा कैसा असर

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Bihar Voter List Deletion Sir 2025 Impact
Bihar Voter List Deletion Sir 2025 Impact (Source: BBN24/Google/Social Media)

बिहार में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) की प्रक्रिया अब समाप्त हो चुकी है। चुनाव आयोग के अनुसार 61.1 लाख मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए जाएंगे। इनमें से 21.6 लाख की मृत्यु हो चुकी है, 31.5 लाख लोग स्थायी रूप से बिहार से बाहर चले गए हैं, 7 लाख मतदाता एक से अधिक स्थानों पर पंजीकृत हैं और 1 लाख ऐसे हैं जिनका कोई पता नहीं मिल सका।

विधानसभा चुनाव पर बड़ा असर!

बिहार की कुल 243 विधानसभा सीटों के आधार पर देखें तो औसतन हर क्षेत्र से 25,000 से अधिक नाम हटाए जा सकते हैं। 2020 के चुनावों में कई सीटें बहुत कम अंतर से हारी या जीती गई थीं—

  • 11 सीटें ऐसी थीं जहां 1,000 से कम वोटों का अंतर था
  • 35 सीटों पर अंतर 3,000 से कम
  • 52 सीटों पर 5,000 से कम

इस बार मतदाता सूची में बड़े बदलाव से इन सीटों का परिणाम पूरी तरह पलट सकता है।

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विपक्ष ने उठाए सवाल, सरकार ने दिया जवाब

विपक्षी महागठबंधन जिसमें राजद, कांग्रेस समेत कई दल शामिल हैं, इस पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठा रहे हैं। उनका आरोप है कि यह जल्दबाजी में किया गया निर्णय है। जवाब में संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी ने विधानसभा में कहा कि ऐसा पहले भी हुआ है।

उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि 2003 में भी SIR की प्रक्रिया एक महीने में पूरी की गई थी। तब 15 जुलाई से शुरू होकर 14 अगस्त को समाप्त हुई थी।

1 अगस्त से दर्ज करें आपत्ति—ऐसे करें दावा

अगर आपका नाम मतदाता सूची में नहीं है या गलत दर्ज हो गया है, तो चिंता न करें।
चुनाव आयोग 1 अगस्त से आपत्तियां स्वीकार करेगा।

आप क्या करें:

  • आयोग की वेबसाइट पर जाएं
  • प्रारूप मतदाता सूची में अपना नाम देखें
  • अगर नाम गलत है या नहीं है, तो फॉर्म 6 (नाम जोड़ने), फॉर्म 7 (हटाने), फॉर्म 8 (सुधार) भरें
  • नजदीकी BLO या चुनाव कार्यालय में जमा करें

ये हैं सूची से हटाए गए नामों की वजहें:

  • मृत्यु: 21.6 लाख
  • स्थायी रूप से राज्य से बाहर: 31.5 लाख
  • एक से अधिक जगह पंजीकरण: 7 लाख
  • अज्ञात पता: 1 लाख

किन पार्टियों को दी जाएगी प्रारूप सूची?

चुनाव आयोग 12 प्रमुख राजनीतिक दलों को प्रिंटेड और डिजिटल प्रारूप में मतदाता सूची सौंपेगा। इसमें शामिल हैं: BJP, JDU, RJD, Congress, LJP (Ram Vilas), RLM, BSP, CPI (ML), CPI (M), AAP, NPP, और RLSP

यह खबर हर उस मतदाता के लिए जरूरी है जो आने वाले विधानसभा चुनावों में वोट डालने की तैयारी में है। 1 अगस्त से पहले अपना नाम चेक करना ना भूलें, ताकि आपका लोकतांत्रिक अधिकार सुरक्षित रहे।

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