अंबिकापुर में कोयला खदान विवाद चिंगारी बना आग, ग्रामीण-पुलिस भिड़ंत में बवाल

अंबिकापुर में SECL की अमेरा कोयला खदान के विस्तार को लेकर ग्रामीणों व पुलिस के बीच तनाव, कई पुलिसकर्मी घायल।

Ambikapur Coal Mine Protest Violence News
Ambikapur Coal Mine Protest Violence News (PC: BBN24/Social Media)
मुख्य बातें (Highlights)
  • खदान विस्तार के विरोध में ग्रामीणों और पुलिस के बीच अचानक हिंसक झड़प
  • पुलिस पर भारी पथराव, कई अधिकारी सहित 24 से अधिक पुलिसकर्मी घायल
  • हालात काबू में लाने के लिए लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले दागे गए

छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में SECL की अमेरा कोयला खदान के विस्तार को लेकर रविवार को बड़ा बवाल हो गया। ग्राम परसोडी कला के ग्रामीण बिना भूमि अधिग्रहण के विस्तार किए जाने का आरोप लगाकर विरोध कर रहे थे।

प्रशासन को पहले से विरोध की आशंका थी, इसलिए खदान क्षेत्र में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। लेकिन विरोध अचानक हिंसक रूप ले लिया जब ग्रामीणों की भारी भीड़ पुलिस पर टूट पड़ी।

  • ग्रामीणों ने पुलिस पर अचानक पथराव शुरू कर दिया
  • कई ग्रामीण लाठी, डंडे और कुल्हाड़ी तक लेकर पहुंचे
  • पुलिस बल को पीछे हटने पर मजबूर होना पड़ा

एक अधिकारी के अनुसार:
“स्थिति मिनटों में बेकाबू हो गई… ग्रामीण बेहद आक्रामक थे और सुरक्षा बलों को बचाव में कार्रवाई करनी पड़ी।”

पुलिस ने की जवाबी कार्रवाई, मौके पर तनाव

भारी पथराव के बाद पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले छोड़े। झड़प में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, एसडीओपी, थाना प्रभारी सहित दो दर्जन से अधिक पुलिसकर्मी घायल होने की जानकारी सामने आई है।

स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अब इलाके में अतिरिक्त पुलिस फोर्स भेजी जा रही है।

  • घटनास्थल पर सुरक्षाबलों की संख्या बढ़ाई गई
  • ग्रामीण अब भी विस्तार का खुलकर विरोध कर रहे हैं
  • प्रशासन ने स्थिति पर कड़ी नजर रखी है

एक स्थानीय ग्रामीण ने बताया:
“हमारी जमीन छीनी जा रही है… अधिग्रहण किए बिना खदान का विस्तार स्वीकार नहीं।”

खदान विस्तार पर टकराव क्यों बढ़ा?

ग्रामीणों का आरोप है कि SECL बिना विधिवत भूमि अधिग्रहण पूरा किए खदान का विस्तार कर रही है।
यह मुद्दा लंबे समय से simmer कर रहा था, लेकिन रविवार को यह विवाद खुलकर भड़क गया।

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