दादी गैंग का खुलासा: रांची में बच्चों से करवा रही थी चोरी, पुलिस कर रही तलाश!

तीनपहाड़ की सूरजमती उर्फ ‘दादी’ ने बनाई बच्चों की चोर गैंग, मेलों और बाजारों में करवा रही थी मोबाइल और पर्स चोरी

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Ranchi Child Thief Gang Dadi Scam Mobile Wallet Theft
(Source: BBN24/Google/Social Media)

रांची शहर के भीड़-भाड़ वाले बाजारों और मेलों में पिछले कुछ दिनों से मोबाइल और पर्स चोरी की बढ़ती घटनाओं ने पुलिस को सतर्क कर दिया था। अब इस मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। रांची पुलिस ने एक सक्रिय चोर गैंग का भंडाफोड़ किया है, जिसकी मास्टरमाइंड कोई आम अपराधी नहीं, बल्कि ‘दादी’ नामक एक महिला निकली है।

इस गैंग में छोटे-छोटे बच्चों का इस्तेमाल किया जा रहा था। पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह साहेबगंज के तीनपहाड़ क्षेत्र से जुड़ा है और इसका संचालन सूरजमती उर्फ दादी कर रही थी।

धुर्वा मेले से दो नाबालिग पकड़े गए, खोला चोर गिरोह का राज

धुर्वा थाना क्षेत्र के शहीद मैदान में आयोजित मेले से सोमवार को पुलिस ने दो नाबालिग चोरों को रंगे हाथ पकड़ा। पूछताछ के दौरान इन बच्चों ने कबूल किया कि वे ‘दादी’ के इशारों पर चोरी करते हैं।

बच्चों ने बताया कि रांची पहुंचने के बाद सूरजमती ने एक किराए का मकान लिया और वहीं इन बच्चों को रखती थी। फिर वह बच्चों को सुबह बाजारों और मेलों में भेजती और खुद भी निगरानी करती थी। चोरी के बाद बच्चों से सारा सामान – मोबाइल और पर्स – लेकर वह खुद फरार हो जाती थी।

चोरी का पूरा ‘नेटवर्क’: एक के बाद एक हाथ में जाता था मोबाइल

पूछताछ में पता चला कि गिरोह के काम करने का तरीका बेहद चतुर था। भीड़ में एक बच्चा मोबाइल या पर्स चुराता, तुरंत दूसरे को पकड़ा देता, फिर तीसरा बच्चा उसे ‘दादी’ तक पहुंचा देता। इससे पुलिस को चोर को पकड़ना मुश्किल हो जाता।

सिर्फ 100-500 रुपये मिलते थे बच्चों को, दादी देती थी खाना और ठिकाना

बच्चों ने पुलिस को यह भी बताया कि एक मोबाइल चोरी के बदले उन्हें 100 से 500 रुपये मिलते थे। इसके अलावा ‘दादी’ उन्हें खाना, कपड़ा और रहने का इंतजाम भी करती थी।

रांची पुलिस अब सूरजमती की तलाश में है। थानेदार ने बताया कि पहले महिला की पहचान और सत्यापन किया जाएगा, फिर पुलिस टीम तीनपहाड़ जाकर गिरफ्तारी करेगी।

कौन है सूरजमती उर्फ दादी?

सूरजमती साहेबगंज के तीनपहाड़ क्षेत्र के बावपुर थाना इलाके की रहने वाली है। वह एक महीने पहले रांची आई थी और बच्चों को अपने साथ लेकर आई थी। बताया गया कि वह पहले भी इस तरह की चोरी में लिप्त रही है।

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