बिहार की राजधानी पटना में सतर्कता अन्वेषण ब्यूरो (Vigilance Investigation Bureau) ने ग्रामीण कार्य विभाग के सहायक अभियंता नगेंद्र कुमार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। अधिकारियों ने उनके ठिकानों से ₹17.60 लाख नकद, करीब ₹20 लाख के जेवरात और कुल ₹73.32 लाख की संदिग्ध संपत्ति बरामद की।
तीन जिलों में छापेमारी अभियान
सतर्कता टीम ने पटना के नॉर्थ श्रीकृष्णापुरी स्थित उनके किराए के फ्लैट, मोकामा ऑफिस और गया जिले के कुजाप गांव स्थित संपत्ति पर एक साथ छापे मारे। इस दौरान सात बैंकों की पासबुक, जमीन के मूल कागजात, निर्माण से जुड़े एग्रीमेंट, एलआईसी निवेश की रसीदें, एक हुंडई कार, मारुति कार और टीवीएस मोटरसाइकिल भी जब्त की गई।
बिहार और ओडिशा में ज़मीन और निर्माण कारोबार का शक
जांचकर्ताओं के अनुसार बरामद दस्तावेज़ इस ओर इशारा करते हैं कि अभियंता नगेंद्र कुमार की बिहार और ओडिशा में जमीन और निर्माण से जुड़ा कारोबार चल रहा है। टीम का कहना है कि संभव है यह व्यवसाय साझेदारी में संचालित हो रहा हो। फिलहाल मामले की जांच जारी है और नए केस दर्ज होने की संभावना से इंकार नहीं किया गया है।
विभागीय घोटालों की कड़ी में नई कार्रवाई
यह छापेमारी हाल के हफ्तों में ग्रामीण कार्य विभाग से जुड़े अभियंताओं और वरिष्ठ अधिकारियों पर हुई कार्रवाइयों की कड़ी मानी जा रही है। विभाग में फैले कथित भ्रष्टाचार को रोकने के लिए सतर्कता ब्यूरो लगातार अभियान चला रहा है।


